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विधानसभा में रोने लगे पुलिस से परेशान विधायक

विधानसभा में रोने लगे पुलिस से परेशान विधायक

लखनऊ  (उत्तर प्रदेश)। आपने गरीब और कमजोर लोगों को पुलिस की मनमानी के चलते परेशान और रोते हुए बहुत देखा होगा। ताजा मामला उत्तर प्रदेश विधानसभा का है, जहां पुलिस की मनमानी से परेशान एक विधायक सदन में फूट-फूटकर रोने लगे। उनको रोता देख विधानसभा के सभी सदस्य दंग रह गए। भावुक विधायक का कहना था कि उनका दस लाख रुपया चोरी हो गया है, लेकिन पुलिस एफआईआर दर्ज नहीं कर रही है। अगर चोरी की रकम उन्हें वापस नहीं मिली तो वह आत्महत्या कर लेंगे। 

विधायक कल्पनाथ पासवान आजमगढ़ के मेहनगर से समाजवादी पार्टी के विधायक हैं। कल्पनाथ पासवान ने बताया कि उन्होंने अपना घर बनवाने के लिए अपने लखनऊ के बैंक खाते से दस लाख रुपये निकाले । ये रुपये लेकर वह बस से आजमगढ़ पहुंचे थे, जहां वह शारदा चौक पर स्थित एक होटल में चाय पीने लगे। जब उन्होंने होटल से निकलते समय नोटों से भरा अपना बैग उठाया तो उन्हें बैग कुछ हल्का लगा। उन्होंने बैग खोला तो उसमें से रुपये गायब थे। इसके बाद उन्होंने पुलिस थाने में चोरी की शिकायत की, लेकिन पुलिस ने मामला दर्ज नहीं किया। विधायक का आरोप है कि जब पुलिस ने उनकी नहीं सुनी तो उन्होंने मामले की शिकायत पुलिस अधीक्षक से की। पुलिस अधीक्षक के कहने के बाद पुलिस की एक टीम ने कुछ लोगों से पूछताछ की, लेकिन दस लाख रुपये चोरी की एफआईआर दर्ज नहीं की गई।   

पुलिस द्वारा डेढ़ महीने बाद चोरी की रिपोर्ट नहीं लिखे जाने से परेशान विधायक कल्पनाथ पासवान मंगलवार को विधानसभा अध्यक्ष हृदय नारायण दीक्षित के सामने रोने लगे। वह खूब देर तक रोते रहे। उन्होंने कहा कि उनका दस लाख रुपया चोरी हो गया है, लेकिन पुलिस ने एफआईआर दर्ज नहीं कर रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब एक विधायक के साथ पुलिस का ऐसा बर्ताव है तो फिर आम आदमी के साथ यूपी पुलिस क्या करती होगी। विधानसभा अध्यक्ष से विधायक कल्पनाथ पासवान ने कहा कि न्याय दिलाएं, नहीं तो मर जाऊंगा। विधायक ने रोते हुए कहा कि मेरे साथ न्याय कीजिए। मुझे अगर न्याय नहीं मिला तो मैं निश्चित रूप से मर जाऊंगा...। आज मैं रो रहा हूं सदन में, कल पूरा सदन रोएगा। मान्यवर न्याय करिए। मैं पूरे सदन से विनती हाथ जोड़कर विनती कर रहा हूं। मैं कहा जाऊं। मैं पूरे सदन से कह रहा हूं... मान्यवर मैं जिंदा नहीं रहूंगा। मान्यवर मैं गरीब किसान हूं। मेरा रुपया दिलवा दीजिए, वर्ना मैं मर जाऊंगा मान्यवर। 

हालांकि संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने विधायक को भरोसा दिलाया कि वह मामले की रिपोर्ट मंगाएंगे और न्याय सुनिश्चित होगा। उन्होंने कहा कि अगर विधायक चाहते हैं तो एफआईआर दर्ज की जाएगी।

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